बरेली की लोकसभा सीट से दो बार सांसद रहे धर्मेंद्र कश्यप ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) से इस्तीफा दे दिया है। अपने इस्तीफे का एलान उन्होंने गुरुवार को ही कर दिया था। शुक्रवार को अपने सोशल मीडिया हैंडल से भाजपा नेतृत्व को संबोधित इस्तीफा सार्वजनिक किया। पूर्व सांसद ने अपने इस्तीफे में बड़ा आरोप लगाते हुए कहा कि भाजपा में पिछड़े और अति-पिछड़े वर्ग को सम्मान नहीं मिला। इससे आह्त होकर वह पार्टी छोड़ रहे हैं।
धर्मेंद्र कश्यप ने अपने इस्तीफे में पार्टी के अंदर की गुटबाजी और भितरघातियों का भी जिक्र किया है। उन्होंने लिखा कि लोकसभा चुनाव में पार्टी के खिलाफ वोटिंग कराने वाले नेताओं को भाजपा में अगली पंक्ति में बिठाया जा रहा है। दूसरी तरफ पिछड़े और अति-पिछड़े वर्ग को वो सम्मान नहीं मिला, जिसके वो हकदार हैं। इसी से आह्त होकर वह इस्तीफा दे रहे हैं।
लोकसभा चुनाव में अपनों से मिला जख्म
धर्मेंद्र कश्यप भाजपा छोड़ने के अपने एलान से लेकर इस्तीफे में भितरघातियों का जिक्र करते रहे हैं। दरअसल, पिछले लोकसभा चुनाव में उन्हें परायज का सामना करना पड़ा था। धर्मेंद्र कश्यप के मुताबिक पार्टी के अंदर के लोगों ने ही उनके खिलाफ काम किया और अब ऐसे ही लोगों को तरजीह दी जा रही है।
इसी सप्ताह जब राज्यसभा प्रत्याशियों की घोषणा हुई तो धर्मेंद्र कश्यप का सब्र जवाब दे गया। उन्होंने उसी दिन पार्टी छोड़ने का संकेत दे दिया था। अगले दिन भाजपा छोड़ने का एलान कर दिया और अब सोशल मीडिया के जरिये उनका इस्तीफा सामने आ गया है।
