कानपुर। उत्तर प्रदेश में कानपुर जिले की फजलगंज पुलिस ने बुधवार को ऑनलाइन आईपीएल सट्टेबाजी के एक बड़े संगठित गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए तीन करोड़ 91 लाख रुपये की नकदी बरामद की है। इस सिलसिले में पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि गिरोह का मुख्य सरगना अब तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर है। पुलिस आयुक्त रघुबीर लाल ने यहां पत्रकारों को बताया कि थाना फजलगंज पुलिस और सर्विलांस/स्वाट सेंट्रल जोन की संयुक्त टीम ने यह कार्रवाई की।
संत नगर चौराहे पर चेकिंग के दौरान मिली मुखबिर सूचना के आधार पर गोविंद नगर पुल के नीचे खड़ी एक कार से दो संदिग्धों को पकड़ा गया, जो मोबाइल एप के जरिए आईपीएल मैचों पर सट्टा संचालित कर रहे थे। गिरफ्तार कार्तिक लखवानी और राजकुमार से पूछताछ में किदवई नगर स्थित एक किराए के मकान में बड़े स्तर पर सट्टा संचालन की जानकारी मिली।
इसके बाद पुलिस ने दबिश देकर वहां से तीन अन्य आरोपियों गुजरात प्रांत के कल्पेश, रवि नाई और विष्णु को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने मौके से तीन करोड़ 91 लाख 50 हजार रुपये नकद, छह मोबाइल फोन, तीन करेंसी काउंटिंग मशीन,एक करेंसी चेकिंग मशीन आदि बरामद किये। उन्होने बताया कि यह गिरोह मोबाइल एप और वेबसाइट के माध्यम से सट्टेबाजी की आईडी बनाकर शहरभर में नेटवर्क संचालित कर रहा था।
पूछताछ में खुलासा हुआ कि इस पूरे रैकेट का संचालन ‘मनीष उर्फ प्रोफेसर’ नामक सरगना कर रहा है, जो फिलहाल फरार है और उसकी तलाश में पुलिस टीमें जुटी हैं। इस संबंध में थाना फजलगंज में सार्वजनिक जुआ अधिनियम की धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है। बरामद धनराशि के संबंध में आयकर विभाग को भी सूचित किया गया है। उल्लेखनीय है कि इस उत्कृष्ट कार्रवाई पर पुलिस आयुक्त ने टीम को 50 हजार रुपये का नगद पुरस्कार देने की घोषणा की है।
