- सरोजनीनगर बिजनौर में बड़ी कार्रवाई: 5 करोड़ रुपये मूल्य की सरकारी भूमि अतिक्रमणमुक्त, अवैध बाउंड्रीवाल और प्लॉटिंग ध्वस्त
नगर निगम और राजस्व विभाग का संयुक्त अभियान
लखनऊ। राजधानी के बिजनौर क्षेत्र में नगर निगम और राजस्व विभाग ने संयुक्त रूप से बड़ी कार्रवाई करते हुए लगभग 5 करोड़ रुपये मूल्य की सरकारी भूमि को अतिक्रमणमुक्त कराया। अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) न्यायालय द्वारा पारित बेदखली आदेश के अनुपालन में ग्राम बिजनौर, तहसील सरोजनीनगर स्थित विभिन्न गाटा संख्याओं की सरकारी भूमि पर रविवार को विशेष अभियान चलाया गया। इस दौरान करीब 0.660 हेक्टेयर भूमि को अवैध कब्जों से मुक्त कराया गया।
- वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी में चला अभियान
नगर आयुक्त गौरव कुमार और अपर नगर आयुक्त पंकज श्रीवास्तव के निर्देश पर चलाए गए अभियान का नेतृत्व उपजिलाधिकारी सरोजनीनगर अंकित शुक्ला, प्रभारी अधिकारी सम्पत्ति रामेश्वर प्रसाद तथा नगर निगम के तहसीलदार अरविन्द पाण्डेय ने किया। संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर सरकारी अभिलेखों के आधार पर भूमि का सत्यापन किया और अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू की।
- जेसीबी से ध्वस्त किए गए अवैध निर्माण
अभियान के दौरान ग्राम बिजनौर की बंजर, नवीन परती, ऊसर तथा पुरानी परती श्रेणी की सरकारी भूमि पर किए गए अवैध कब्जों को हटाया गया। जेसीबी मशीनों की मदद से अवैध रूप से निर्मित बाउंड्रीवाल, प्लॉटिंग और अन्य निर्माणों को ध्वस्त कर दिया गया। कार्रवाई के दौरान पूरे क्षेत्र में प्रशासनिक सतर्कता बनाए रखी गई।
- पुलिस, पीएसी और ईटीएफ रही तैनात
अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए थाना बिजनौर का पुलिस बल, पीएसी तथा नगर निगम की ईटीएफ टीम भी मौके पर तैनात रही। तहसील सरोजनीनगर के नायब तहसीलदार जितेन्द्र शर्मा, राजस्व निरीक्षक प्रेम प्रकाश पाण्डेय सहित राजस्व विभाग और नगर निगम के लेखपाल अनुपम मिश्रा अभियान में शामिल रहे।
- सरकारी भूमि पर कब्जों के खिलाफ जारी रहेगा अभियान
प्रशासनिक अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सरकारी भूमि पर अवैध कब्जे किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे। न्यायालय के आदेशों के अनुपालन में आगे भी ऐसे अभियान जारी रहेंगे और सरकारी संपत्तियों को अतिक्रमणमुक्त कर संरक्षित किया जाएगा। बिजनौर में हुई यह कार्रवाई सरकारी भूमि संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
