लखनऊ। बाबासाहेब भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय (बीबीएयू) के 11वें दीक्षांत समारोह को लेकर बुधवार को विश्वविद्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की गई। 29 अगस्त 2026 को होने वाले समारोह में भारत सरकार के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। विश्वविद्यालय प्रशासन ने समारोह की तैयारियों, उपाधि वितरण, विद्यार्थियों की व्यवस्थाओं और कार्यक्रम की रूपरेखा की विस्तृत जानकारी मीडिया को दी।
- राजनाथ सिंह की मौजूदगी होगी खास
प्रेस कॉन्फ्रेंस की अध्यक्षता विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. राज कुमार मित्तल ने की। उन्होंने बताया कि रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की मौजूदगी विश्वविद्यालय परिवार के लिए गौरव का अवसर है। दीक्षांत समारोह में शैक्षणिक वर्ष 2023, 2024, 2025 और 2026 के पात्र एवं पंजीकृत विद्यार्थियों को विभिन्न पाठ्यक्रमों की उपाधियां प्रदान की जाएंगी।
कुलपति ने कहा कि दीक्षांत समारोह विद्यार्थियों की वर्षों की मेहनत और उपलब्धियों का सम्मान करने के साथ उनके जीवन में एक नए अध्याय की शुरुआत का प्रतीक है। उन्होंने विद्यार्थियों से विश्वविद्यालय से मिले ज्ञान, संस्कार और मूल्यों का उपयोग समाज एवं राष्ट्र निर्माण में करने का आह्वान किया।
- दो चरणों में होगा उपाधि वितरण
विद्यार्थियों की बड़ी संख्या को देखते हुए उपाधि वितरण कार्यक्रम को दो चरणों में आयोजित किया जाएगा। पहला चरण सुबह 10 बजे से दोपहर 1 बजे तक भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी ऑडिटोरियम में होगा। दूसरा चरण दोपहर 2 बजे से विद्यार्थियों के संबंधित विभागों में आयोजित किया जाएगा। पहले चरण में पीएचडी उपाधि प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों, स्वर्ण पदक विजेताओं और अन्य प्रमुख श्रेणियों के चयनित विद्यार्थियों को सम्मानित किया जाएगा।
- 8,551 विद्यार्थियों को मिलेगी उपाधि
परीक्षा नियंत्रक प्रो. विक्रम सिंह यादव ने बताया कि इस बार कुल 8,551 विद्यार्थियों को विभिन्न पाठ्यक्रमों की उपाधियां प्रदान की जाएंगी। इनमें 4,832 पुरुष और 3,719 महिला विद्यार्थी शामिल हैं। वर्षवार आंकड़ों के अनुसार 2023 में 2,139, 2024 में 2,115, 2025 में 2,237 और 2026 में 2,041 विद्यार्थियों को उपाधि मिलेगी। इसके अलावा बैकलॉग के 19 विद्यार्थी भी शामिल हैं।
पाठ्यक्रमवार सबसे अधिक 4,662 विद्यार्थी परास्नातक (PG) और 2,771 विद्यार्थी स्नातक (UG) कार्यक्रम के हैं। इसके अलावा 412 पीएचडी, 228 स्नातक मल्टीपल एंट्री एंड एग्जिट, 142 इंटीग्रेटेड पाठ्यक्रम, 198 डिप्लोमा, 102 पीजी डिप्लोमा, 23 सर्टिफिकेट और 13 एमफिल विद्यार्थियों को उपाधियां प्रदान की जाएंगी।
- मुख्य मंच से 22 मेधावी विद्यार्थी होंगे सम्मानित
मुख्य समारोह के दौरान कुल 22 मेधावी विद्यार्थियों को मंच से उपाधि एवं पुरस्कार प्रदान किए जाएंगे। इनमें स्नातक एवं परास्नातक स्तर के 17 मेधावी/विश्वविद्यालय टॉपर, एक डीएससी तथा चार आरडी सोनकर अवार्ड से सम्मानित होने वाले विद्यार्थी शामिल हैं। विश्वविद्यालय ने स्पष्ट किया है कि मुख्य मंच से केवल विशेष रूप से चयनित एवं चिह्नित विद्यार्थियों को ही उपाधि या पुरस्कार प्रदान किया जाएगा।
- 27 अगस्त को पूर्वाभ्यास, 28 को फुल ड्रेस रिहर्सल
दीक्षांत समारोह को व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए 27 अगस्त को दो चरणों में पूर्वाभ्यास होगा। पहला पूर्वाभ्यास सुबह 11 बजे से दोपहर 1 बजे और दूसरा दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजे तक भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी ऑडिटोरियम में होगा। वहीं 28 अगस्त को दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजे तक फुल-ड्रेस रिहर्सल आयोजित की जाएगी।
- विद्यार्थियों के लिए ड्रेस कोड निर्धारित
दीक्षांत समारोह की गरिमा और एकरूपता को ध्यान में रखते हुए विश्वविद्यालय ने विद्यार्थियों के लिए विशेष ड्रेस कोड निर्धारित किया है। छात्रों को क्रीम/व्हाइटिश रंग का कुर्ता-पायजामा पहनना होगा। छात्राओं के लिए क्रीम/व्हाइटिश रंग की कुर्ती-सलवार/चूड़ीदार अथवा साड़ी निर्धारित की गई है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने सभी विद्यार्थियों से निर्धारित वेशभूषा में ही समारोह में शामिल होने की अपील की है।
- 27 और 28 अगस्त को मिलेगा अंगवस्त्रम
समारोह में शामिल होने वाले विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय की ओर से अंगवस्त्रम उपलब्ध कराया जाएगा। इसका वितरण 27 और 28 अगस्त को होगा।
विद्यार्थी सुबह 11 बजे से दोपहर 1 बजे अथवा दोपहर 3 बजे से शाम 6 बजे के बीच अंगवस्त्रम प्राप्त कर सकेंगे। इसके लिए पहले विश्वविद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध निर्धारित आवेदन पत्र भरना होगा।
- प्रथम चरण के लिए जरूरी होगा दीक्षांत पास
प्रथम चरण में शामिल होने वाले विद्यार्थियों को समारोह स्थल में प्रवेश के लिए प्रॉक्टर कार्यालय की ओर से वैध दीक्षांत पास उपलब्ध कराया जाएगा। विद्यार्थियों को निर्धारित पास के साथ ही समारोह स्थल पर प्रवेश करने और विश्वविद्यालय के सभी दिशा-निर्देशों का पालन करने को कहा गया है। दूसरे चरण के लिए सभी विभागाध्यक्षों को विद्यार्थियों और अधिकृत प्रतिभागियों के लिए पर्याप्त बैठने की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
विश्वविद्यालय प्रशासन ने विद्यार्थियों से पूर्वाभ्यास, फुल-ड्रेस रिहर्सल, ड्रेस कोड और अंगवस्त्रम वितरण की समय-सारिणी का पालन करने की अपील की है, ताकि 11वां दीक्षांत समारोह भव्य, सुव्यवस्थित और गरिमापूर्ण ढंग से संपन्न हो सके।
