83 जांच रिपोर्ट में 14 मिले संक्रमित, संख्या हुई 666

Health /Sanitation UP Varanasi Zone

वाराणसी।(www.arya-tv.com) बीएचयू लैब से मंंगलवार को 83 रिपोर्ट के परिणाम प्राप्त हुए, इनमें से 14 नए कोरोना संक्रमित मिले। इसी के साथ जिले में कोरोना मरीजों की संख्या 666 हो गई। 377 मरीज अब तक स्वस्थ होकर अपने-अपने घरों को जा चुके हैं। वहीं एक्टिव मरीजों की संख्या 265 है, जबकि अब तक 24 की मौत हो चुकी है। सोमवार की शाम से मंगलवार सुबह तक बीएचयू लैब से मिले 26 रिपोर्ट परिणाम में से आठ व शाम तक मिले 57 रिपोर्ट में से छह नए कोरोना पॉजिटिव मिले।

संक्रमित मरीज नेवादा सुंदरपुर थाना लंका, ग्राम ठठरा कछवा थाना मिर्जामुराद, महिला बजरंग नगर कॉलोनी पंचायत भवन चांदपुर के पास थाना मंडुआडीह, उल्फत कंपाउंड अर्दली बाजार थाना कैंट, आदर्श नगर मंडुवाडीह, विवेक नगर कॉलोनी नसीरपुर सुसुवाही, टिकरी थाना लंका, नवापुरा विशेश्वरगंज, गिलट बाजार थाना शिवपुर, नई सड़क थाना चौक व भुल्लनपुर थाना रोहनिया से मिले हैं। इन क्षेत्रों को नया हॉटस्पाट बनाया जाएगा। तीन मरीज कांटैक्ट ट्रेसिंग में संक्रमित मिले हैं, जबकि बाकी मरीजों की कोई कांट्रैक्ट हिस्ट्री नहीं पायी गयी है।

उधर, पहले से इलाज करा रहे 13 मरीजों की कोरोना रिपोर्ट निगेटिव आने पर उन्हेंं स्वस्थ घोषित कर डिस्चार्ज कर दिया गया। अब तक बनाए गए कुल 318 हॉटस्पॉट में से 154 रेड जोन में, 32 ऑरेंज जोन व 132 ग्रीन जोन में है। 186 हॉटस्पॉट एक्टिव है। मंगलवार को सोनारपुरा थाना भेलूपुर, हौज कटोरा थाना दशाश्वमेध, चंदुवा सट्टी थाना सिगरा तथा महावीर बिहार भगवान दास कॉलोनी थाना कैंट सहित 4 हॉटस्पॉट रेन रेड जोन से ऑरेंज जोन में आ गए। आइआइटी-बीएचयू के एक कर्मचारी की मंगलवार सुबह प्रफुल्ल नगर कालोनी, लंका स्थित आवास पर मौत होने से परिसर में हड़कंप मच गया। आनन-फानन में स्वास्थ्य विभाग से संपर्क किया गया।

सीएमओ डा. वीबी सिंह ने टीम भेजकर मृतक का सैंपल कलेक्ट कराया। कर्मचारियों के मुताबिक कर्मचारी कई दिनों से सर्दी-जुकाम से ग्रसित था। कोरोना टेस्ट कराने की बजाय उसने स्वयं से बुखार की दवा व एंटीबायोटिक लेना शुरू कर दिया था। सुबह उसकी मौत हो गई। इसके बाद कोरोना की आशंका में स्वास्थ्य विभाग से संपर्क किया गया। सीएमओ डा. वीबी सिंह ने स्वास्थ्य विभाग की टीम भेजकर मृतक का सैंपल कलेक्ट कराया। वहीं कर्मचारियों ने संस्थान प्रशासन पर नोटिफिकेशन के बावजूद सभी कर्मचारियों को रोजाना बुलाए जाने का आरोप लगाया।

उधर, कुलसचिव के मुताबिक आइआइटी-बीएचयू स्थित प्रशासनिक प्रखंड के सभी कार्यालय को 12 जुलाई तक बंद कर दिया गया है। सभी विभागाध्यक्ष व अन्य अधिकारियों को सलाह दी गई कि वे कोविड-19 से संबंधित सभी सुरक्षा मानकों का ध्यान रखते हुए ही कार्यालय खोलें। साथ ही आवश्यक सेवाओं से जुड़े कम से कम कर्मचारियों को कार्यालय बुलाया जाए।