- तुष्टीकरण, धोखाधड़ी और भ्रम की राजनीति अब नहीं चलेगी, 2027 में जनता फिर सुनाएगी फैसला : डॉ. दिनेश शर्मा
लखनऊ/मुजफ्फरनगर। राज्यसभा सांसद एवं पूर्व उपमुख्यमंत्री डॉ. दिनेश शर्मा ने कहा कि देश की जनता विपक्षी दलों को उनकी तुष्टीकरण की राजनीति का लगातार दण्ड दे रही है और उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 में भी जनता ऐसा ही निर्णय सुनाएगी। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी, बहुजन समाज पार्टी, कांग्रेस, तृणमूल कांग्रेस, द्रविड़ मुनेत्र कषगम तथा आम आदमी पार्टी जैसे दल अब अपने अस्तित्व की लड़ाई लड़ रहे हैं। उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश के एक नेता तृणमूल कांग्रेस की हार के बाद कोलकाता जाकर ढांढस बंधाने पहुंचे थे, लेकिन आने वाले समय में तृणमूल नेतृत्व को ही उत्तर प्रदेश में विपक्षी नेताओं को सांत्वना देनी पड़ सकती है।
पत्रकारों से बातचीत में डॉ. दिनेश शर्मा ने दावा किया कि भारतीय जनता पार्टी वर्ष 2027 में तीन-चौथाई बहुमत से सरकार बनाएगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश में चारों ओर विकास दिखाई दे रहा है, जिसके कारण नगरों के बीच आवागमन में समय कम लग रहा है। उन्होंने कहा कि विकास भारतीय जनता पार्टी सरकार की प्राथमिकता है और जहां विकास होता है, वहीं व्यापार तथा समृद्धि भी आती है। उनके अनुसार उत्तर प्रदेश में आधारभूत संरचना विकास की नई धारा बह रही है और प्रदेश में हुए विकास की सुगंध चारों ओर फैल रही है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व को विकास का प्रतीक बताया।
विपक्ष पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि कांग्रेस धोखाधड़ी की राजनीति की सबसे बड़ी उदाहरण बन चुकी है। उन्होंने आरोप लगाया कि सनातन संस्कृति का अपमान करने वाले दलों के साथ चुनावी सहयोग करने वाली कांग्रेस ने चुनाव परिणाम आने के बाद उनसे दूरी बना ली। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने सत्ता के लिए पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर और पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह तक को धोखा दिया था। उन्होंने कहा कि कभी राष्ट्रीय राजनीति में मजबूत स्थिति रखने वाली कांग्रेस अब क्षेत्रीय दलों के पीछे चलने को मजबूर हो गई है।
डॉ. दिनेश शर्मा ने कहा कि कांग्रेस अपनी हार का ठीकरा कभी मतगणना यंत्रों पर तो कभी अन्य व्यवस्थाओं पर फोड़ती रहती है, जबकि सच्चाई यह है कि वह पहले भी कई राज्यों में चुनाव हारती रही है। उन्होंने कहा कि भविष्य में विपक्ष जनता को भी अपनी हार के लिए जिम्मेदार ठहरा सकता है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पिछड़ा वर्ग आयोग को संवैधानिक दर्जा देने, बाबा साहेब भीमराव आंबेडकर से जुड़े पंचतीर्थों का विकास करने तथा आर्थिक रूप से कमजोर सामान्य वर्ग को दस प्रतिशत आरक्षण देने जैसे ऐतिहासिक कार्य हुए हैं। उन्होंने कहा कि सरकार ने बिना किसी भेदभाव के सभी वर्गों के लिए काम किया है और समाज को जातिवाद से ऊपर उठकर राष्ट्रवाद की भावना के साथ आगे बढ़ना चाहिए।
पश्चिमी उत्तर प्रदेश के विकास का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि यहां विकास की नई परिभाषा लिखी गई है और गन्ना किसान आज पहले से अधिक खुशहाल हुआ है। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों का उल्लेख करते हुए कहा कि ईरान, अमेरिका, इजरायल तथा यूक्रेन से जुड़े संघर्षों के कारण विश्व स्तर पर ऊर्जा, पेट्रोल और खाद्य पदार्थों का संकट उत्पन्न हो रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोगों से कोरोना काल की तरह संयम बरतने की अपील की है, ताकि देश इन वैश्विक परिस्थितियों के दुष्प्रभावों से सुरक्षित रह सके। उन्होंने स्पष्ट किया कि लोगों से पेट्रोलियम पदार्थों का उपयोग बंद करने के लिए नहीं कहा गया है, बल्कि संयमित उपयोग की सलाह दी गई है।
एक प्रश्न के उत्तर में उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल में किसी के साथ भेदभाव नहीं होने दिया जाएगा तथा सीमाओं पर घेराबंदी कर घुसपैठ को रोका जाएगा।
डॉ. दिनेश शर्मा मुजफ्फरनगर के गांधीनगर क्षेत्र में भारतीय जनता पार्टी नेता पुनीत वशिष्ठ के आवास पर आयोजित कार्यक्रम में पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने पार्टी पदाधिकारियों, जनप्रतिनिधियों और कार्यकर्ताओं के साथ संगठनात्मक चर्चा भी की। कार्यक्रम में पूर्व केंद्रीय मंत्री संजीव बालियान, मंत्री कपिल देव अग्रवाल, जिला पंचायत अध्यक्ष वीरपाल निर्वाल, जिलाध्यक्ष सुधीर सैनी, पुनीत वशिष्ठ, पूर्व विधायक अशोक कंसल, पूर्व विधायक प्रमोद ऊंटवाल, अक्षय पुंडीर, अमित चौधरी, अजय भराला, सतीश कुमार शर्मा, सुरेंद्र दत्त शर्मा, राजकुमार छाबड़ा, अखिलेश दत्त, डॉ विपिन त्यागी तथा व्यापारी नेता संजय मित्तल सहित अनेक लोग उपस्थित रहे। बाद में उन्होंने एक विशाल दीक्षा सम्मेलन में महामंडलेश्वर स्वामी यतींद्रानंद गिरी तथा शुक्रताल के दंडी स्वामी के साथ मुख्य अतिथि के रूप में भाग लिया और भगवान आश्रम द्वारा लिखित पुस्तक ‘आत्मबोध’ का विमोचन भी किया।
