ट्रेनिंग सेशन:बेसिक व एडवांस लाइफ सपोर्ट ट्रेनिग सेशन का हुआ आयोजन

Lucknow

(www.arya-tv.com)राजधानी के केजीएमयू यानी किंग जार्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय में अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन के बैनर तले बुधवार को लाइफ सपोर्ट सिस्टम की वर्कशॉप का आयोजन किया गया।यूनिवर्सिटी के एनस्थीसियोलाजी व क्रिटिकल केअर डिपार्टमेंट की प्रोफेसर रजनी गुप्ता की अगुवाई कार्यक्रम को ऑर्गनाइज किया गया।इस दौरान विश्वविद्यालय के मेडिसिन, डेंटल ,पीडियाट्रिक, एंडोक्राइन, मेन्टल हेल्थ, रेस्पिरेटरी मेडिसिन,क्वीन मेरी के डिपार्टमेंट के रेसिडेंट डॉक्टरों व नर्स समेत 60 लोगों ने ट्रेनिंग प्राप्त किया।ट्रेनिंग को क्रिटिकल केअर मेडिसिन व एडवांस लाइफ सपोर्ट के लिहाज से बेहद अहम करार देते हुए प्रो रजनी ने बताया कि ट्रेनिंग के दौरान आईसीयू में भर्ती मरीजो की जरुरत की बारीकियों से रुबरु कराने में यह ट्रेनिंग जरुर अहम साबित होगी।

2014 से अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन व केजीएमयू का चल रहा कॉलेब्रेशन –

प्रो रजनी ने बताया कि इंटरनेशनल ट्रेनिंग सेन्टर में यूपी के तमाम मेडिकल कॉलेज के 5000 से ज्यादा लोग ट्रेनिंग ले चुके है।इस ट्रेनिंग सेंटर के माध्यम से उत्तर प्रदेश के सभी मेडिकल कॉलेज लाभान्वित हो रहे है।इस दौरान यूनिवर्सिटी के कुलपति ले.जन.बिपिन पुरी व चिकित्सा विश्विद्यालय की डीन प्रोफेसर उमा सिंह व डीन डेंटल डॉ रंजीत कुमार उपस्थित रहे।इस दौरान एएचए सर्टिफाइड हाई एंड ट्रेनिंग टीम भी मौके पर रही।डॉ प्रेमराज,डॉ संदीप साहू,डॉ चेतना शमशेरी, डॉ दिव्या श्रीवास्तव,डॉ रीतू वर्मा, डॉ मेधवी व डॉ राम नरेश भी मौजूद रहे।

24 घंटे में 01 ब्लैक फंगस का मरीज हुआ भर्ती –

कोरोना की तीसरी लहर की आशंका के बीच म्यूकरमाइकोसिस यानी ब्लैक फंगस के मरीज अभी भी किंग जॉर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय में भर्ती किए जा रहे है।केजीएमयू प्रवक्ता डॉ सुधीर ने बताया कि बुधवार को एक मरीज इसके गंभीर लक्षण के साथ एडमिट किया गया।अब तक केजीएमयू में 546 रोगी ब्लैक फंगस के इलाज के लिए भर्ती कराएं जा चुके है।बीते 24 घंटे में 01 मरीज को एडमिट करने के अलावा 05 मरीज डिस्चार्ज भी किए जा चुके है।इस दौरान 1 मरीज की ब्लैक फंगस से मौत भी हुई है।मृतक 70 वर्षीय बुजुर्ग बताया जा रहा है।हालांकि यूनिवर्सिटी प्रशासन अब ब्लैक फंगस पर काबू पाने के दावे भी कर रहा है।साथ ही प्रदेश में इसके रोगियों का इलाज करने में सबसे ज्यादा सफल रहने की दलील भी देता है।

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