पूर्व मंत्री आशुतोष टंडन ‘गोपाल जी’ की जयंती पर उमड़ा जनसैलाब

Lucknow
  • सादगी, सेवा और लखनऊ के विकास को समर्पित रहा पूरा जीवन

लखनऊ। राजधानी लखनऊ की राजनीति में सादगी, सौम्यता और जनसेवा का पर्याय माने जाने वाले पूर्व नगर विकास मंत्री एवं लखनऊ पूर्वी विधानसभा के लोकप्रिय विधायक आशुतोष टंडन ‘गोपाल जी’ की जयंती पर मंगलवार को बड़ी संख्या में भाजपा नेताओं, जनप्रतिनिधियों और क्षेत्रीय नागरिकों ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। तथा कोनेश्वर महादेव मंदिर में एक भव्य भंडारे का भी आयोजन किया गया। कार्यक्रम में उनके जीवन, व्यक्तित्व और लखनऊ के विकास में दिए गए योगदान को याद करते हुए वक्ताओं ने कहा कि गोपाल भैया ने राजनीति को हमेशा सेवा और संस्कार का माध्यम माना।

  • भाजपा नेताओं और गणमान्य लोगों ने दी श्रद्धांजलि

कार्यक्रम में एमएलसी संतोष सिंह, मुकेश शर्मा, पूर्व मंत्री कुसुम राय, भाजपा नगर अध्यक्ष आनंद द्विवेदी, एमएलसी अविनाश त्रिवेदी, विधायक नीरज बोरा, पार्षद रणजीत सिंह, अनुराग मिश्रा अन्नू, संजय सिंह राठौड़, वीरेंद्र सिंह, उमेश सनवाल, मंडल अध्यक्ष अभिषेक राय,भाजपा नेता योगेश चतुर्वेदी, राकेश गुप्ता, मनोज अवस्थी, कृष्ण वीर सिंह बंटू, डॉ. संदीप तिवारी डॉ सुमित रूगटा सहित बड़ी संख्या में क्षेत्रीय लोग एवं भाजपा कार्यकर्ता मौजूद रहे। वक्ताओं ने कहा कि गोपाल भैया का जीवन कार्यकर्ताओं और आम जनता के लिए हमेशा प्रेरणास्रोत रहेगा। उन्होंने संगठन और जनता के बीच समन्वय बनाकर राजनीति में एक अलग पहचान बनाई।

  • लखनऊ पूर्वी के विकास को दी नई पहचान

गोपाल भैया का पूरा राजनीतिक जीवन लखनऊ और विशेष रूप से लखनऊ पूर्वी विधानसभा के विकास को समर्पित रहा। उनके कार्यकाल में कई प्रमुख सड़कों का निर्माण और चौड़ीकरण कराया गया। मोहल्लों में इंटरलॉकिंग, नाली निर्माण, जलनिकासी व्यवस्था को मजबूत करने और जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान के लिए अनेक कार्य किए गए।
क्षेत्रीय लोगों का कहना है कि उन्होंने विकास कार्यों को केवल घोषणाओं तक सीमित नहीं रखा, बल्कि जमीन पर उतारकर जनता को राहत दिलाई। पार्कों के सौंदर्यीकरण, पेयजल व्यवस्था और आधारभूत सुविधाओं को बेहतर बनाने में भी उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही।

  • नगर विकास मंत्री रहते हुए कई योजनाओं को दी गति

वर्ष 2019 से 2022 तक नगर विकास मंत्री के रूप में उन्होंने प्रदेश के शहरी विकास कार्यों को नई दिशा दी। स्मार्ट सिटी परियोजनाओं, नगरीय निकायों के विकास, सड़क और सफाई व्यवस्था को मजबूत करने तथा नगर निगम व्यवस्थाओं में सुधार को लेकर कई फैसले लिए गए। इससे पहले चिकित्सा शिक्षा मंत्री रहते हुए उन्होंने मेडिकल शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने की दिशा में भी कार्य किया।

  • लालजी टंडन की विरासत को आगे बढ़ाया

कार्यक्रम में उनके पिता एवं पूर्व राज्यपाल तथा वरिष्ठ भाजपा नेता लाल जी टंडन को भी श्रद्धापूर्वक याद किया गया। वक्ताओं ने कहा कि लालजी टंडन ने राजनीति में जिस जनसेवा और संस्कार की परंपरा को स्थापित किया था, उसे गोपाल जी ने पूरी निष्ठा और सरलता के साथ आगे बढ़ाया।

  • अमित टंडन और सुबोध टंडन हुए भावुक

इस अवसर पर उनके भाई अमित टंडन और सुबोध टंडन ने भावुक शब्दों में कहा कि “गोपाल भैया ने हमेशा लोगों को परिवार की तरह माना। राजनीति में रहते हुए भी उनके व्यवहार में कभी अहंकार नहीं आया। उनका जीवन समाजसेवा, आत्मीयता और लोगों की मदद के लिए समर्पित रहा।” उन्होंने कहा कि गोपाल भैया की स्मृतियां आज भी हर कार्यकर्ता और क्षेत्रीय नागरिक को सेवा और समर्पण के मार्ग पर आगे बढ़ने की प्रेरणा देती हैं।

  • आज भी लोगों के दिलों में जिंदा हैं ‘गोपाल भैया’

श्रद्धांजलि सभा में मौजूद लोगों ने कहा कि गोपाल भैया का सहज व्यवहार, मुस्कुराता चेहरा और हर व्यक्ति से आत्मीय जुड़ाव उन्हें आम नेताओं से अलग बनाता था। लखनऊ की राजनीति और विकास में उनके योगदान को हमेशा याद रखा जाएगा।