कानपुर के गुजैनी में बर्थडे के एक दिन पहले युवती कृपा ने फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। सोने से पहले परिजनों से जन्मदिन की तैयारियों के बारे में पूछा। गिफ्ट की बात करके सोने चली गई। शुक्रवार सुबह परिजन सोकर उठे। बेटी के कमरे में गए तो दरवाजा अंदर बंद मिला। दरवाजा खटखटाने व आवाज देने पर कोई जवाब नहीं मिला। संदेह होने पर परिजन दरवाजा तोड़कर अंदर पहुंचे तो बेटी का शव फंदे से लटकता पाया। परिजनों में कोहराम मच गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव पोस्टमार्टम भेजा।
वरुण बिहार निवासी प्रेम कुमार प्राइवेट नौकरी करते हैं। परिवार में पत्नी राधा, दो बेटे आयुष, संजय व 21 वर्षीय बेटी कृपा कुमारी थी। परिजनों के अनुसार कृपा ने बर्रा स्थित कामदगिरी स्कूल से ग्यारहवीं तक पढ़ाई की थी। इसके बाद उसने पढ़ाई छोड़ दी थी और घर पर ही रहने लगी। पिता ने बताया कि 12 सितंबर को कृपा का जन्मदिन था। उसी दिन उसके चचेरे भाई मयंक का भी जन्मदिन होता है। दोनों एक साथ केक काटते थे।
बोली थी- अभी सो जाइए, सुबह बताऊंगी क्या गिफ्ट चाहिए
परिजनों के मुताबिक गुरुवार रात कृपा उनसे अच्छा गिफ्ट देने की जिद कर रही थी। उसके पास बैठकर गिफ्ट के बारे में पूछा और जन्मदिन की तैयारियों पर बात की। इसके बाद वह सोने के लिए चली गई। उसने कहा था कि अभी सो जाओ, सुबह बताऊंगी क्या गिफ्ट चाहिए। देर रात कृपा दूसरे मंजिल पर बने कमरे में चली गई थी। सुबह परिजन उठे तो कृपा अपने बिस्तर पर नहीं थी। ऊपर कमरे का दरवाजा अंदर से बंद था।
दरवाजा तोड़कर अंदर पहुंचे तो फंदे से लटका मिला शव
काफी देर तर दरवाजा खटखटाने व आवाज देने के बाद जब कोई जवाब नहीं मिला तो अनहोनी की आशंका पर दरवाजा तोड़ा। अंदर पहुंचते ही कृपा का शव फंदे से लटका देखकर सन्न रह गए। परिजनों ने तत्काल फंदे से उतारा और पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची गुजैनी पुलिस ने जांच-पड़ताल की। फॉरेंसिक टीम ने साक्ष्य जुटाए। परिजनों के अनुसार आत्महत्या की क्या वजह हो सकती है, यह स्पष्ट नहीं है। थाना प्रभारी राजन शर्मा ने बताया कि कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। वजह स्पष्ट नहीं है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
