राष्ट्रीय लोक दल (RLD) के अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री जयंत चौधरी ने समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव की राजनीति और PDA फॉर्मूले पर तीखा हमला बोला. जयंत ने कहा कि राजनीति में प्रतीकों की अहमियत होती है, लेकिन अखिलेश द्वारा दिया गया नाम और उनकी राजनीति दोनों ही स्थिर नहीं हैं.
जयंत चौधरी ने क्या कहा?
अखिलेश की टिप्पणी पर प्रतिक्रिया देते हुए जयंत चौधरी ने कहा कि जैसे उन्होंने किसी का नाम नहीं लिया, वैसे ही उन्होंने भी किसी का नाम नहीं लिया. जयंत ने कहा कि कोई इतनी आसानी से उनका अपमान नहीं कर सकता और वे अपनी इज्जत अपने हाथों में लेकर चलते हैं. उन्होंने आरोप लगाया कि जिस तरह की भाषा का इस्तेमाल किया गया, उससे मामले को उलझाने की कोशिश की गई.
अंकित बालियान मामले पर बयान
जयंत चौधरी ने अंकित बालियान की घटना का जिक्र करते हुए कहा कि उनका परिवार RLD का परिवार है. पहले दिन ही पार्टी विधायक ने अंकित के पिता से बात कराई थी. उन्होंने बताया कि आला अधिकारियों से लगातार संपर्क किया जा रहा है ताकि जांच जल्द पूरी हो और तथ्यों के आधार पर कार्रवाई हो. जयंत ने कहा कि वह जल्द ही अंकित के परिवार से मिलेंगे और मुख्यमंत्री के सामने भी उनका पक्ष रखेंगे.
PDA फॉर्मूले पर सवाल
अखिलेश यादव के PDA फॉर्मूले पर जयंत चौधरी ने कहा कि इसे इसलिए बनाया गया था ताकि परंपरागत वोट बैंक से अलग लोगों को जोड़ने का संदेश दिया जा सके. उन्होंने सवाल उठाया कि जो लोग पहले समाजवादी पार्टी के साथ रहे, उनका कितना सम्मान किया गया, यह जनता को देखना चाहिए.
पुराने गठबंधन पर टिप्पणी
RLD और सपा के पुराने गठबंधन का जिक्र करते हुए जयंत ने कहा कि गठबंधन परस्पर हित और सम्मान पर चलता है. दलों और कार्यकर्ताओं के बीच संवाद होना चाहिए और दोनों को उसका फायदा मिलना चाहिए. उन्होंने आरोप लगाया कि सपा नेताओं की मौजूदा टिप्पणियां दिखाती हैं कि वे RLD को लेकर तुच्छ विचार रखते थे.
RLD की राजनीति का लक्ष्य
जयंत चौधरी ने कहा कि RLD किसी एक बयान का जवाब देने की राजनीति नहीं कर रही है. यह पार्टी का लॉन्ग टर्म प्रोजेक्ट है. उन्होंने कहा कि RLD पुरानी पार्टी है, पूरे उत्तर प्रदेश के गांवों और जिलों में उसके कार्यकर्ता हैं और वे एनडीए के साथ मिलकर काम कर रहे हैं.
