पवित्र श्रावण मास के प्रथम सोमवार से पहले ही नाथनगरी के माहोल में शिव-शिव के उद्घोष गूंजने लगे हैं। कछला और हरिद्वार से गंगाजल लेकर कांवड़ जत्थे बरेली लौटने लगे हैं और रविवार से हर तरफ आस्था का ज्वार उमड़ता दिखेगा। बरेली विकास प्राधिकरण की ओर से कराई गई अभूतपूर्व लाइटिंग से कांवड़ रूट रात में दूधिया रोशन में नहा उठे हैं। शिवभक्त कांवड़ियों की भारी संख्या का आंकलन कर प्रशासन और पुलिस ने ट्रैफिक डाइवर्जन प्लान लागू पहले ही लागू करा दिया है। शहर से देहात तक कड़े सुरक्षा इंतजामों के क्रम में क्विक रेस्पोंस टीमें कांवड़ रूटों पर लगातार मुस्तैद हैं।
श्रृद्धा और आस्थ की बयार के बीच बीडीए के प्रयासों से अबकी बार कछला कांवड़ मार्ग की छठा अलग ही दिखाई दे रही है। रंग-बिरंगी रोशनी से सजे प्रवेश द्वार शिवभक्त कांवड़ियों का स्वागत कर रहे हैं। बरेली विकास प्राधिकरण की ओर से प्रमुख मार्गों और प्रवेश द्वारों पर विशेष लाइटिंग कराई गई है। बरेली-मथुरा रोड पर आकर्षक विद्युत सज्जा के साथ कछला कांवड़ रूट पूरी तरह जगमगा उठा है। रामपुर रोड झुमका तिराहे पर बने द्वार पर रंग-बिरंगी एलईडी लाइटें श्रद्धालुओं को स्वागत के अद्भुत रंगों में सराबोर कर रही हैं। अलखनाथ, बनखंडीनाथ, त्रिवटीनाथ, तपेश्वरनाथ-मढ़ीनाथ, अवधेशनाथ आदि शिवालय भी जगमगा उठे हैं। विशेष प्रकाश व्यवस्था ने पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया है। कांवड़िए इन जगहों पर सेल्फी और फोटो लेना नहीं भूल रहे। डीएम अविनाश सिंह, बीडीए वीसी सौम्या पांडेय, एसएसपी अनुराग आर्या कांवड़ इंतजामों की लगातार समीक्षा कर रहे हैं और लगातार अपडेट लेने के साथ सम्बंधित विभागों को जरूरी दिशा निर्देश दे रहे हैं। अफसरों का कहना है कि रविवार शाम से शहर में बड़े कांवड़ जत्थों के पहुंचना शुरू हो जाएं। सोमवार को लाखों शिवभक्त विभिन्न शिवालयों में जलाभिषेक करेंगे।
कांवड़ रूटों पर अतिरिक्त फोर्स तैनात, दिन-रात नजर
कांवड़ यात्रा को सकुशल संपन्न कराने के लिए जिलाधिकारी और एसएसपी ने शनिवार को एक बार फिर सुरक्षा और ट्रैफिक व्यवस्था की समीक्षा की। अधिकारियों ने पुलिस और प्रशासनिक टीमों को निर्देश दिए कि कांवड़ मार्ग पर किसी भी प्रकार की अव्यवस्था न होने पाए। संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है, जबकि यातायात डाइवर्जन की व्यवस्था भी प्रभावी ढंग से लागू की जा रही है ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। पुलिस इस बार कांवड़ यात्रा को देखते हुए कई स्तर का सुरक्षा प्लान बनाकर काम कर रही है। हर कांवड़ जत्थे का पूरा रिकॉर्ड पहले से तैयार किया जा चुका है। संबंधित थाना पुलिस अपने क्षेत्र से गुजरने वाले प्रत्येक जत्थे के महंत और आयोजकों के सीधे संपर्क में है। रामगंगा चौकी से कछला की ओर जाने वाले सभी जत्थों की बाकायदा एंट्री की जा रही है। इसमें कांवड़ियों की संख्या, साथ चल रहे वाहनों की संख्या, डीजे, जनरेटर, ट्रैक्टर-ट्रॉली और अन्य आवश्यक जानकारियां दर्ज की जा रही हैं। इससे किसी भी आपात स्थिति में तुरंत संपर्क और सहायता उपलब्ध कराई जा सकेगी।
पुलिस को हिदायत, सुरक्षा मानकों का पालन जरूरी
कांवड़ यात्रा के दौरान सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन कराया जा रहा है। शुक्रवार को बारादरी क्षेत्र के कालीबाड़ी से हरिद्वार जल लेने जा रहे एक कांवड़ जत्थे के डीजे वाहन की ऊंचाई पुलिस ने मौके पर नापी। निर्धारित मानक के अनुरूप पाए जाने के बाद ही जत्थे को आगे जाने की अनुमति दी गई। इस कार्रवाई का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। पुलिस का कहना है कि ओवरहाइट डीजे या वाहनों से बिजली की लाइनों और पुलों के नीचे दुर्घटना की आशंका रहती है, इसलिए सभी डीजे वाहनों की जांच की जा रही है।
प्रत्येक जत्थे की जानकारी जुटाई जा रही है। सोशल मीडिया मॉनिटरिंग भी लगातार जारी है, ताकि अफवाह फैलाने वालों पर तत्काल कार्रवाई की जा सके। प्रमुख मंदिरों, कांवड़ मार्गों, बाजारों और भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में अतिरिक्त पुलिस बल, पीएसी और यातायात पुलिस तैनात की गई है।
