- योग के क्षेत्र में मिसाल बने सुरेन्द्र सिंह डाबस उर्फ स्वामी योगानंद
नई दिल्ली। आज के दौर में जहां लोग उम्र के साथ अपनी सक्रियता कम कर देते हैं, वहीं Surender Singh Dabas एक मिसाल बनकर उभरे हैं। करीब 70 वर्ष की उम्र में भी वे न केवल स्वयं फिट और सक्रिय हैं, बल्कि हजारों लोगों को योग के माध्यम से स्वस्थ जीवन जीने की प्रेरणा दे रहे हैं। सुरेन्द्र सिंह उर्फ स्वामी योगानंद अपने Yog Yatra Yog Journey यूट्यूब चैनल के माध्यम से लोगों को योग के क्षेत्र में प्रशिक्षित कर रहे हैं।
- गृहस्थ जीवन के साथ योग का संतुलन
गृहस्थ जीवन जीते हुए भी सुरेन्द्र सिंह डाबस ने योग को अपनी दिनचर्या का अहम हिस्सा बना लिया है। वे आधुनिक तकनीक का उपयोग करते हुए यूट्यूब के माध्यम से नियमित योग सिखाते हैं। उनके ऑनलाइन सत्रों से देश-विदेश के लोग जुड़कर लाभ उठा रहे हैं।
- “उम्र नहीं, इच्छाशक्ति मायने रखती है”
स्वामी योगानंद का मानना है कि यदि व्यक्ति के भीतर कुछ करने की सच्ची इच्छा हो, तो उम्र कभी बाधा नहीं बनती। उनका कहना है, “इंसान चाहे तो किसी भी उम्र में नई शुरुआत कर सकता है, बस लगन और निरंतरता जरूरी है।” यही सोच उन्हें आज भी सक्रिय और ऊर्जावान बनाए हुए है।
- ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से प्रशिक्षण
दिल्ली में निवास कर रहे स्वामी योगानंद नियमित रूप से ऑनलाइन के साथ-साथ ऑफलाइन योग प्रशिक्षण भी देते हैं। उनके मार्गदर्शन में कई लोग न सिर्फ शारीरिक रूप से स्वस्थ हुए हैं, बल्कि मानसिक शांति भी प्राप्त कर रहे हैं।
- पंचतत्व के संतुलन पर विशेष जोर
वे अपने योग प्रशिक्षण में पंच तत्व—पृथ्वी, जल, अग्नि, वायु और आकाश—के संतुलन पर विशेष ध्यान देते हैं। उनका कहना है कि मानव शरीर इन पांच तत्वों से निर्मित है और जब इनका संतुलन बिगड़ता है, तभी रोग उत्पन्न होते हैं। योग, प्राणायाम और ध्यान के माध्यम से इन तत्वों को संतुलित कर शरीर को प्राकृतिक रूप से स्वस्थ रखा जा सकता है।
- समाज को स्वस्थ बनाने का संकल्प
योग के प्रति उनका समर्पण और समाज को स्वस्थ बनाने का उनका प्रयास यह साबित करता है कि उम्र सिर्फ एक संख्या है। सच्ची लगन, अनुशासन और सकारात्मक सोच के साथ हर लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।
