हरदोई। हरदोई मेडिकल कॉलेज में शनिवार को इमरजेंसी वार्ड के भीतर एमबीबीएस इंटर्न डॉक्टरों और नर्सिंग स्टाफ के बीच विवाद हिंसक झड़प में बदल गया। घटना के दौरान दोनों पक्षों के बीच मारपीट हुई, जिससे मेडिकल कॉलेज परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। इस दौरान एक स्वास्थ्यकर्मी के हाथ में फ्रैक्चर होने की बात सामने आई है। मामले को गंभीरता से लेते हुए मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने जांच के आदेश दिए हैं।
जानकारी के अनुसार, 2021 बैच के एमबीबीएस इंटर्न डॉक्टर वर्तमान में मेडिकल कॉलेज में इंटर्नशिप कर रहे हैं। शनिवार को कुछ इंटर्न डॉक्टर इमरजेंसी वार्ड में ड्यूटी पर थे। उसी समय नर्सिंग ऑफिसर ललितेश और राजकपूर भी अपनी ड्यूटी निभा रहे थे।
अभद्र व्यवहार के आरोप के बाद बढ़ा विवाद
आरोप है कि ड्यूटी के दौरान एक इंटर्न डॉक्टर ने नर्सिंग कर्मी प्रियंका से एक मरीज को इंजेक्शन लगाने के लिए कहा। प्रियंका द्वारा कुछ देर बाद आने की बात कहने पर दोनों के बीच कहासुनी हो गई। आरोप है कि बातचीत के दौरान इंटर्न डॉक्टर ने अभद्र व्यवहार किया। उस समय इमरजेंसी प्रभारी डॉ. अमित आनंद ने हस्तक्षेप कर मामला शांत करा दिया।
हालांकि, आरोप है कि बाद में करीब 3:30 से 3:45 बजे के बीच इंटर्न डॉक्टर विवेक के साथ बड़ी संख्या में अन्य इंटर्न इमरजेंसी पहुंचे और विवाद फिर बढ़ गया। इसके बाद दोनों पक्षों के बीच मारपीट हुई।
मारपीट में स्वास्थ्यकर्मी घायल
घटना के दौरान नर्सिंग स्टाफ के कुछ कर्मचारियों के साथ मारपीट होने का आरोप है। इस झड़प में स्वास्थ्यकर्मी आकाश के हाथ में फ्रैक्चर होने की बात कही गई है। घटना के बाद मेडिकल कॉलेज परिसर में तनाव का माहौल बन गया।
प्रिंसिपल ने दिए जांच और कार्रवाई के निर्देश
घटना की सूचना मिलने पर मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. जे.बी. गोगोई इमरजेंसी पहुंचे और नर्सिंग स्टाफ के ललितेश, राजकपूर तथा इंटर्न डॉक्टर विवेक से पूरे मामले की जानकारी ली।
प्रिंसिपल ने प्रारंभिक कार्रवाई करते हुए 2021 बैच के सभी इंटर्न डॉक्टरों को हॉस्टल से हटाकर गौराडांडा भेजने के निर्देश दिए। साथ ही इमरजेंसी प्रभारी के नेतृत्व में एक जांच समिति गठित कर पूरे प्रकरण की जांच कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के आदेश दिए हैं।
