लखनऊ, सरकारी खरीद के डिजिटल मंच जेम (गवर्नमेंट ई-मार्केटप्लेस) पर उत्तर प्रदेश ने बड़ी उपलब्धि हासिल की है। वर्ष 2017 में जेम की शुरुआत के बाद प्रदेश ने इसके माध्यम से एक लाख करोड़ रुपये से अधिक की खरीद की है। देश के सभी राज्यों की जेम के जरिये हुई कुल खरीद में उत्तर प्रदेश की हिस्सेदारी 30 फीसदी से अधिक है। इसी प्रदर्शन के लिए प्रदेश को जेम के 10वें स्थापना दिवस पर एक साथ तीन राष्ट्रीय पुरस्कार मिले हैं। सरकारी खरीद में ओवरऑल एक्सीलेंस सम्मान मिला।
नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित समारोह में केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने उत्तर प्रदेश को जेम ओवरऑल एक्सीलेंस अवार्ड, हाईएस्ट जीएमवी सिंस इनसेप्शन और बेस्ट आउटरीच इनिशिएटिव्स फॉर कैपेसिटी बिल्डिंग पुरस्कार प्रदान किए। प्रदेश की ओर से सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम विभाग के प्रमुख सचिव शशि भूषण लाल सुशील ने पुरस्कार ग्रहण किए। ‘जेम ओवरऑल एक्सीलेंस अवार्ड’ प्रदेश के जेम पर समग्र प्रदर्शन के लिए मिला है। वहीं ‘हाईएस्ट जीएमवी सिंस इनसेप्शन’ पुरस्कार जेम की स्थापना से अब तक यूपी द्वारा की गई एक लाख करोड़ रुपये से अधिक की खरीद को रेखांकित करता है। तीसरा पुरस्कार जेम के बारे में जागरूकता, प्रशिक्षण और विभागों, अधिकारियों व कारोबारियों को इससे जोड़ने के प्रयासों के लिए दिया गया।
प्रमुख सचिव शशि भूषण लाल सुशील के अनुसार जेम पर बढ़ती खरीद से सरकारी विभागों के साथ प्रदेश के कारोबारियों और उद्यमियों को भी लाभ मिला है। एमएसएमई, महिला उद्यमियों, अनुसूचित जाति-जनजाति के उद्यमों और स्टार्टअप्स के लिए सरकारी खरीद में भागीदारी के अवसर बढ़े हैं।
पारदर्शी खरीद से छोटे कारोबारियों को भी अवसर
जेम के जरिये अलग-अलग विक्रेताओं और उत्पादों के विकल्प उपलब्ध होने से सरकारी खरीद प्रक्रिया अधिक खुली और प्रतिस्पर्धी हुई है। वहीं कारोबारियों को सरकारी संस्थाओं तक पहुंचने के लिए एक समान डिजिटल मंच मिला है। प्रदेश में जेम के इस्तेमाल को बढ़ाने के लिए अधिकारियों, विभागों और कारोबारियों के बीच प्रशिक्षण व जागरूकता कार्यक्रम भी संचालित किए गए।
