होली पर खोया और दूध की बढ़ती मांग को देखते हुए मिलावट की आशंका भी बढ़ गई है। ऐसे में मंडियों और दुकानों में खोया और अन्य दुग्ध उत्पाद खरीदने में सावधानी की बरतने की जरूरत है। खाेया में मिलावट की पहचान घरेलू उपाय से आसानी से जा सकती है।
अगर खोया या दुग्ध उत्पाद में किसी भी तरह की मिलावट का संदेह हो तो नगर निगम के टोल फ्री नंबर 18001805533 पर शिकायत दर्ज की जा सकती है।
शहर की चारबाग स्थित राजा मंडी में मिठाई की दुकानों पर गुझिया बनाने के लिए प्रतिदिन करीब 25 क्विंटल खोया खरीदा जा रहा है। फुटकर में भी प्रतिदिन लगभग 25 क्विंटल की खरीदारी हो रही है। फिलहाल मंडी में भाव 300 रुपये प्रति किलो चल रहा है। मिठाई की दुकानों पर भाव 400 से 450 रुपये प्रति किलाे है।
मांग बढ़ने से हरदोई, उन्नाव, सीतापुर जैसे आसपास के जिलों से भी खोया शहर की मंडियाें में आने लगा है। अक्सर एफएसडीए टीम के छापे के दौरान व्यापारी खोया से भरी टोकरियां छोड़कर भागजाते हैं। राजा मंडी के व्यवस्थापक अनूप पांडे का कहना है कि संदेह होने पर खोया की जांच मदर टिंचर से की जाती है। दूध और दूध से बने उत्पादों में स्टार्च की मिलावट की जाती है।
ऐसे करें मिलावट की पहचान
एफएसडीए के मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी जेपी सिंह ने बताया कि दूध से निर्मित कोई भी उत्पाद जैसे छेना, खोया, रसगुल्ला, पनीर या खोये से बनी मिठाई में स्टार्च की मिलावट की आसानी से पहचान की जा सकती है। खोया की जांच के लिए थोड़ी सी मात्रा लेकर शीशे के बर्तन में थोड़ा पानी मिलाकर गरम कर लें और एक बूंद आयोडीन टिंचर डालने पर यदि रंग नीला हो जाए तो स्टार्च की मिलावट है।
