(www.arya-tv.com) वाराणसी में स्थित ज्ञानवापी परिसर के सर्वे का काम पूरा हो चुका है. कोर्ट की तरफ से इसके लिए 17 नवंबर तक का समय दिया गया था. लेकिन अब भारतीय पुरातात्विक सर्वेक्षण (एएसआई) ने ज्ञानवापी परिसर के वैज्ञानिक सर्वेक्षण की रिपोर्ट सौंपने के लिए अदालत से शुक्रवार को 15 दिन का और समय देने की मांग की है.
केंद्र सरकार के शासकीय अधिवक्ता अमित श्रीवास्तव ने बताया कि वाराणसी की जिला अदालत ने सर्वे रिपोर्ट जमा करने के लिए शुक्रवार 17 नवंबर तक का समय दिया था. लेकिन सर्वेक्षण में इस्तेमाल तकनीकी रिपोर्ट अभी नहीं आ पाने की वजह से एएसआई ने शुक्रवार को जिला जज एके विश्वेश की अदालत में आवेदन देकर रिपोर्ट अदालत के समक्ष जमा करने के लिए 15 दिन के और समय की मांग की है.
अदालत ने कहा था- नहीं बढ़ेगा सर्वे का समय
एएसआई को पहले छह अक्टूबर तक रिपोर्ट देनी थी, लेकिन बाद में उसे तीन नवंबर तक इसे जमा करने के निर्देश दिए गए थे. 5 अक्टूबर को, अदालत ने एएसआई को चार और सप्ताह का समय दिया था और कहा था कि सर्वेक्षण की अवधि इससे आगे नहीं बढ़ाई जाएगी.
ये है पूरा मामला
ज्ञानवापी परिसर मामले में 5 महिलाओं ने श्रृंगार गौरी के साथ ही अन्य विग्रहों ने पूजा के अधिकार को लेकर कोर्ट में याचिका दायर की थी. इस याचिका में कहा गया था कि परिसर में कई हिंदू देवी-देवता विराजमान हैं. जिन्हें मलबे में ढंक दिया गया. इस पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने ज्ञानवापी का सर्वे कराने के आदेश दिए थे. सर्वे के दौरान वुजुखाने में मिली एक आकृति को हिंदू पक्ष शिवलिंग बता रहा था, साथ ही मुस्लिम पक्ष ने इसे फव्वारा बताया था. इसके बाद मामला हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट तक पहुंच गया था.
