जनपद के ऐंचोड़ा कंबोह थाना क्षेत्र में चोरी के एक मामले की जांच करने पहुंचे दो सिपाहियों के साथ मारपीट और अभद्रता की गंभीर घटना सामने आई है। आरोपी युवक और उसके परिजनों ने सिपाहियों को घेरकर उनके साथ धक्का-मुक्की की, वर्दी फाड़ दी और आरोपी को पुलिस हिरासत से छुड़ाकर भगा दिया। घटना का वीडियो भी सामने आया है। इस मामले में आठ नामजद व कुछ अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।
रविवार दोपहर करीब 12:30 बजे थाना क्षेत्र के गांव मथना में सिपाही हरपाल सिंह और मोहित सैनी, धारंगपुर निवासी बिट्टू की मोटरसाइकिल की दुकान में हुई चोरी की शिकायत की जांच के लिए आरोपी सचिन कुमार के घर पहुंचे थे। सिपाही जब सचिन को पूछताछ के लिए थाने ले जाने लगे, तभी उसने शोर मचाना शुरू कर दिया। शोर सुनते ही आरोपी के परिजन और आसपास के लोग मौके पर एकत्र हो गए। देखते ही देखते भीड़ ने दोनों सिपाहियों को घेर लिया और उनके साथ खींचतान शुरू कर दी। आरोप है कि इस दौरान सिपाहियों के साथ मारपीट की गई और उनकी वर्दी भी फाड़ दी गई। सिपाहियों ने आरोपी को पकड़ने की काफी कोशिश की, लेकिन भीड़ के दबाव में वे सफल नहीं हो सके और परिजन सचिन को छुड़ाकर मौके से भगा ले गए।
घटना का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें सिपाहियों के साथ हो रही धक्का-मुक्की और हंगामा साफ देखा जा सकता है। इस घटना ने पुलिस की कार्यप्रणाली और सुरक्षा को लेकर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। सिपाही हरपाल सिंह की तहरीर पर थाना पुलिस ने राजकुमार , उसके बेटे नितिन, सचिन, विपिन, अनित, बेटी सुरभि, जसवंत और राकेश समेत कुछ अज्ञात लोगों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 191(2), 324(4), 131, 132, 352 और 351(2) के तहत मुकदमा दर्ज किया है। थाना प्रभारी लवनीश चौधरी ने बताया कि गांव धरमपुर निवासी बिट्टू ने 27 अप्रैल को अपनी मोटरसाइकिल की दुकान से रुपये चोरी होने की शिकायत दर्ज कराई थी, जिसमें सचिन पर आरोप लगाया गया था। इसी शिकायत की जांच के लिए सिपाही गांव गए थे। उन्होंने बताया कि सिपाहियों के साथ मारपीट और सरकारी कार्य में बाधा डालने के मामले में कुल आठ नामजद और कुछ अज्ञात लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। पुलिस ने आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश देना शुरू कर दिया है। साथ ही वायरल वीडियो के आधार पर भी अन्य आरोपियों की पहचान की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि सरकारी कार्य में बाधा डालने और पुलिसकर्मियों पर हमला करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
