माघ शुक्ल सप्तमी पर राम मंदिर में रथ सप्तमी मनाई गई। इस दौरान सरयू नदी में डुबकी लगाकर लगभग 2 लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने सूर्यवंशी भगवान श्रीरामलला के दर्शन पूजन किए। वहीं इस महत्वपूर्ण तिथि पर परकोटा के पश्चिम व दक्षिणी कोण पर स्थापित सूर्य मंदिर भव्य आयोजन संपन्न किया गया। धार्मिक मान्यता है कि आज ही के दिन भगवान सूर्य अपने साथ घोड़े पर सवार होकर प्रकट हुए थे।
रामनगरी में रविवार की सुबह मंदिर के पुजारियों के द्वारा भगवान सूर्य का विधि विधान पूर्वक मंत्रोच्चारण के साथ अभिषेक किया गया। विशेष आरती के साथ अनुष्ठान पूरा किया। जहां सूर्यवंशी भगवान श्री रामलला के दर्शन करने के लिए सुबह एक घंटा पहले मंदिर का पट खुल गया।
दोपहर में भी भोग आरती के 5 मिनट के लिए गर्भगृह में पर्दा लगाया गया। फिर श्रद्धालुओं के लिए दर्शन प्रारंभ हुआ और देर रात्रि 10 बजे तक चला। हनुमानगढ़ी मंदिर में भी दर्शन करने के लिए लंबी कतार रही। मंदिर से लेकर भक्ति पथ और रामपथ तक बड़ी संख्या में भक्त कतार में लगकर दर्शन पूजन संपन्न किया।
अभूतपूर्व सुरक्षा के घेरे में रामनगरी, तैनात हुई बख्तर बंद गाड़ियां
आपातकालीन सहायता नंबर 112 पर शनिवार की रात आई एक फर्जी कॉल के बाद व गणतंत्र दिवस समारोह को लेकर रामनगरी की सुरक्षा व्यवस्था चाक चौबंद हो गई है। पूरी अयोध्या अभूतपूर्व सुरक्षा के घेरे में कैद कर दी गई है। रात भर जिले में सर्च ऑपरेशन चलाया गया तो वहीं अयोध्या धाम में बख्तरबंद गाड़ियां उतार दी गई। राम मंदिर परिसर में सुरक्षा कड़ी कर दी गई। रविवार की सुबह परिसर के प्रमुख स्थानों पर एनएसजी के कमांडो तैनात कर दिए गए। दर्शनार्थियों व उनके सामानों को कड़ी चेकिंग के बाद प्रवेश दिया गया।
शनिवार की रात करीब 10:30 बजे पुलिस के 112 नंबर पर एक व्यक्ति ने कॉल कर राम मंदिर परिसर में बम ब्लॉस्ट होने की सूचना दी। इसके बाद सक्रिय हुई पुलिस ने कॉलर को ढूंढकर हिरासत में ले लिया। आरोपी की पहचान रामकरन निषाद निवासी दुल्लापुर नवाबगंज जिला गोंडा के रूप में हुई। पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया। पुलिस व विभिन्न जांच एजेंसियों ने उससे कड़ी पूछताछ की। बाद में पता चला कि वह मानसिक रूप से बीमार है व उसका इलाज चल रहा है। इसके बाद पुलिस ने राहत की सांस ली।
राम मंदिर व आसपास सुरक्षा घेरा बढ़ा
-रविवार की सुबह अयोध्या धाम समेत राम मंदिर परिसर व आसपास के इलाके में सुरक्षा घेरा बढ़ा दिया गया। अयोध्या धाम में जगह-जगह अर्धसैनिक बलों ने सुरक्षा का मोर्चा संभाल लिया। श्रीराम अस्पताल के पास, श्रीराम जन्मभूमि पथ के सामने, लता चौक आदि पर पुलिस की बख्तरबंद गाड़ियां तैनात कर दी गई। राम मंदिर के प्रवेश द्वार पर एसपी सुरक्षा बलरामाचारी ने एटीएस कमांडो, एसएसएफ व बीडीएस टीम के साथ दर्शन लाइन में लगे श्रद्धालुओं व उनके सामान की सघन चेकिंग की। कई प्रमुख स्थानों पर एनएसजी के कमांडो को तैनात कर दिया गया।
सर्च ऑपरेशन जारी, कड़ी तलाशी के बाद मिल रहा प्रवेश
-गणतंत्र दिवस समारोह को लेकर पुलिस द्वारा चलाया जा रहा सर्च ऑपरेशन रविवार को भी जारी रहा। अयोध्या धाम के उदया चौराहा, निषादराज चौराहा, श्रीराम अस्पताल, रामघाट, महोबरा चौराहा, साकेत पेट्रोल पंप बैरियर समेत अन्य प्रवेश द्वार से प्रवेश करने वाले सभी वाहनों की तलाशी ली गई। जरूरत पड़ने पर लोगों के पहचान पत्र का सत्यापन भी कराया गया। सीओ अयोध्या आशुतोष तिवारी व आरपीएफ प्रभारी नीरव मिश्र के नेतृत्व में पुलिस व बम स्कवॉयड की टीम ने अयोध्या कैंट रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म, एयर कॉनकोर्स समेत सर्कुलेटिंग एरिया की तलाशी ली गई। अयोध्या शहर में एसपी सिटी चक्रपाणि त्रिपाठी व सीओ सिटी श्रीयश त्रिपाठी के नेतृत्व में पुलिस ने रेलवे व बस स्टेशन समेत चौक चौराहों व सार्वजनिक स्थलों को खंगाला।
अतिक्रमण को लेकर सख्त हुई पुलिस
रामपथ पर श्रीराम अस्पताल से लता चौक तक के मार्ग पर रेहड़ी-फड़ी समेत पटरी दुकानदारों द्वारा किए अतिक्रमण को सख्ती से हटाया गया। रविवार दिन भर पुलिस व नगर निगम के प्रवर्तन दल की टीम कार्रवाई करती रही। यही नहीं फेरी लगाकर सामान बेचने वालों को भी रामपथ पर दिखाई न देने की चेतावनी दी गई। टीम कई व्हील चेयर चलाने वालों को भी अपने साथ ले गई। श्रीराम अस्पताल से अयोध्या धाम रेलवे स्टेशन मार्ग को भी अतिक्रमण मुक्त कराया गया। यही नहीं पुलिस ने सुरक्षा की दृष्टि से व्यापारियों से अपील की कि वह 27 जनवरी तक रात के समय बाहर से सामान न मंगाएं
-फर्जी कॉल करने वाले को गिरफ्तार किया गया है। जांच में पता चला कि वह मानसिक रूप से बीमार है। उसके इलाज की हिस्ट्री निकाली जा रही है। वहीं, गणतंत्र दिवस को लेकर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। रातभर सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है। अतिक्रमण को लेकर सख्ती बरती जा रही है। बाहरी दुकानदारों का दोबारा सत्यापन कराया जा रहा है। लोगों से अपील है कि किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या वस्तु की सूचना तत्काल पुलिस को दें।-चक्रपाणि त्रिपाठी, एसपी सिटी।
