प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं को और बेहतर बनाने की दिशा में प्रयागराज में एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। प्रयागराज के दो प्रमुख सरकारी अस्पतालों और छावनी चिकित्सालय (कैंटोनमेंट हॉस्पिटल) के बीच मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए हैं। उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने बताया कि इस पहल से आमजन को उन्नत और सुपर स्पेशियलिटी स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध होंगी।
मंगलवार को विधानसभा सचिवालय में आयोजित बैठक में उप मुख्यमंत्री ने बताया कि अपर निदेशक, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाएं (प्रयागराज मंडल) और निदेशक, छावनी चिकित्सालय प्रयागराज के बीच यह समझौता हुआ है। इसके तहत तेजबहादुर सप्रू चिकित्सालय (बेली अस्पताल) और मोतीलाल नेहरू मंडलीय चिकित्सालय (कॉल्विन अस्पताल) में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित सुपर स्पेशियलिटी इंटेंसिव केयर यूनिट (आईसीयू) स्थापित की जाएंगी।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार का लक्ष्य हर व्यक्ति को गुणवत्तापूर्ण और आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना है। प्रयागराज में शुरू की गई यह पहल आगे अन्य जिलों में भी लागू की जाएगी और जल्द ही इसी तरह के एमओयू अन्य जनपदों में भी किए जाएंगे।
छावनी चिकित्सालय, प्रयागराज 108 शैय्याओं वाला आधुनिक अस्पताल है, जहां 20 बेड का आईसीयू, वेंटिलेटर, डायलिसिस यूनिट और ऑटोमेटेड पैथोलॉजी लैब जैसी सुविधाएं उपलब्ध हैं। इस अस्पताल को वर्ष 2022 और 2024 में रक्षा मंत्री पुरस्कार भी मिल चुका है। महाकुंभ-2025 के दौरान इस अस्पताल की टीम ने 700 से अधिक गंभीर मरीजों का सफल उपचार किया था।
एमओयू के तहत आईसीयू सेवाओं को हब एंड स्पोक मॉडल पर टेलीमेडिसिन से जोड़ा जाएगा। कैंटोनमेंट जनरल हॉस्पिटल केंद्रीय हब के रूप में कार्य करेगा और मेदांता, मैक्स हॉस्पिटल तथा सनराइज सोसाइटी फॉर विमेन डेवलपमेंट, नोएडा जैसे संस्थानों के विशेषज्ञों के साथ समन्वय कर मरीजों की रियल-टाइम मॉनीटरिंग की जाएगी।
इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अमित घोष, महानिदेशक चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाएं डॉ. पवन कुमार अरुण, विशेष सचिव धीरेन्द्र सिंह सचान सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
ओपीडी में विशेषज्ञों की होगी तैनाती
डिप्टी सीएम ने बताया कि प्रत्येक चिकित्सा इकाई में प्रति सप्ताह दो विशेषज्ञों की ओपीडी आयोजित की जाएगी। आईसीयू संचालन के लिए दो इमरजेंसी मेडिकल ऑफिसर, छह स्टाफ नर्स और चार पैरामेडिकल कर्मी चौबीसों घंटे तैनात रहेंगे। साथ ही आधुनिक उपकरण, बाईपैप मशीन, हाई डिपेंडेंसी यूनिट और एआई आधारित टेलीमेडिसिन सिस्टम भी उपलब्ध कराए जाएंगे।
प्रयागराज मंडल के 1.4 करोड़ लोगों को मिलेगा लाभ
एमओयू के तहत चिकित्साकर्मियों को एंडोस्कोपी, कोलोनोस्कोपी, ईईजी, 2डी इकोकार्डियोग्राम, कार्डियक इमरजेंसी और न्यूरोलॉजी जैसी उन्नत चिकित्सा तकनीकों का प्रशिक्षण भी दिया जाएगा। इससे प्रयागराज मंडल की लगभग 1.4 करोड़ आबादी को बेहतर और उन्नत स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ मिलेगा।
