लखनऊ। अखिल भारतीय ब्रह्म समाज की मासिक बैठक आज केन्द्रीय कार्यालय, मुण्डावीर परिसर, पकरी आलमबाग, लखनऊ में सम्पन्न हुई। बैठक में सरकार द्वारा यूजीसी के नये प्रावधानों पर गहन चर्चा की गई और सर्वसम्मति से इसकी कड़ी निन्दा की गई।
संगठन के महामंत्री देवेन्द्र शुक्ल ने यूजीसी के नये प्रावधानों को भारतीय जनता पार्टी के लिए आत्मघाती कदम बताते हुए कहा कि इस विषय पर सभी राजनीतिक दलों के सवर्ण नेताओं की चुप्पी कई सवाल खड़े करती है। उपाध्यक्ष राम कुमार चौबे एवं दया शंकर पाण्डेय ने हर स्थिति में इन प्रावधानों का विरोध करने का आह्वान किया।
उपमहामंत्री गिरिजा शंकर त्रिपाठी, अच्युतानंद धर द्विवेदी, जी.पी. बाजपेई एवं सर्वेश तिवारी ने राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री एवं अन्य संवैधानिक पदाधिकारियों को पत्र लिखकर विरोध दर्ज कराने पर सहमति जताई। दुर्गेश पाण्डेय एवं नीलू मिश्रा ने इसे सवर्ण समाज के विरुद्ध सुनियोजित षड्यंत्र बताया।
बैठक की अध्यक्षता करते हुए प्रदेश अध्यक्ष विजय त्रिपाठी ने भारतीय जनता पार्टी को सवर्ण विरोधी बताते हुए कहा कि समाज को ऐसे दलों से सावधान रहने की आवश्यकता है। राष्ट्रीय अध्यक्ष सी.पी. अवस्थी ने सभी सवर्ण संगठनों के नेताओं को एकजुट कर बड़े आंदोलन की रूपरेखा तैयार करने का संकल्प लिया।
इस अवसर पर राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष प्रेम कुमार मिश्र, प्रदेश कोषाध्यक्ष गोविन्द मिश्र, संगठन मंत्री राम किशोर मिश्र चच्चू एवं लखनऊ जनपद सचिव शैलेन्द्र शुक्ल ने संस्था द्वारा आगामी अक्षय तृतीया (19 अप्रैल) को आयोजित किए जाने वाले सामूहिक यज्ञोपवीत संस्कार समारोह में अधिक से अधिक संख्या में सहभागिता का आह्वान किया।
