लखनऊ। पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच उत्तर प्रदेश के कई शहरों में घरेलू एलपीजी सिलेंडर की संभावित कमी को लेकर अफवाहों से घबराहट का माहौल बन गया है। इसके चलते बड़ी संख्या में लोगों ने एक साथ गैस सिलेंडर की बुकिंग कर दी, जिससे कंपनियों के सर्वर धीमे पड़ गए और कई जगहों पर गैस एजेंसियों के बाहर लंबी कतारें लग गईं। हालांकि प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि घरेलू एलपीजी की आपूर्ति पर्याप्त है और किसी तरह की कमी नहीं है।
लोगों में घबराहट बढ़ी
गैस एजेंसी संचालकों के मुताबिक, हाल ही में लागू किए गए उस नियम के कारण भी लोगों में घबराहट बढ़ी है, जिसमें पिछले रिफिल के 25 दिन बाद ही नई बुकिंग की अनुमति है। संचालकों का कहना है कि हजारों उपभोक्ताओं द्वारा एक साथ बुकिंग करने से ऑनलाइन सिस्टम पर दबाव बढ़ गया और कई जगह सर्वर अस्थायी रूप से प्रभावित हुए। इसके बाद कई उपभोक्ता सीधे गैस एजेंसियों पर पहुंचने लगे।
मेरठ में करीब 80 गैस एजेंसियों पर लोगों की भीड़ देखी गई। कई उपभोक्ताओं ने शिकायत की कि बुकिंग के बाद भी सिलेंडर की डिलीवरी में देरी हो रही है। हालांकि मेरठ गैस डीलर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष नमोह जैन ने कहा कि घरेलू गैस की आपूर्ति सामान्य है और घबराहट के कारण बार-बार बुकिंग करने से सिस्टम पर दबाव बढ़ा है।
जमाखोरी या कालाबाजारी पर सख्त कार्रवाई
जिलाधिकारी वीके सिंह ने भी कहा कि जिले में घरेलू गैस की कोई कमी नहीं है और जमाखोरी या कालाबाजारी करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। मेरठ गैस डीलर्स एसोसिएशन के प्रेसिडेंट नमोह जैन ने किसी भी कमी की चिंता को खारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि घरेलू LPG सप्लाई बिना किसी रुकावट और ठीक-ठाक बनी हुई है। उनके मुताबिक, कंज्यूमर्स में घबराहट की वजह से बेवजह और बार-बार बुकिंग हो रही है, जिससे सिस्टम पर दबाव पड़ रहा है। उन्होंने आगे कहा कि दुनिया भर के मौजूदा हालात की वजह से लोगों में डर बढ़ गया है, भले ही सप्लाई चेन स्थिर हैं और स्थिति कंट्रोल में है।
बिजनेस पर बहुत बुरा असर नहीं डाला
प्रयागराज में होटल और रेस्तरां संचालकों ने आरोप लगाया कि व्यावसायिक एलपीजी सिलेंडर खुले बाजार में बेचे जा रहे हैं। कुछ होटल संचालकों का कहना है कि व्यावसायिक सिलेंडरों की आपूर्ति धीमी होने से कारोबार पर असर पड़ रहा है। प्रयागराज होटल एंड रेस्टोरेंट वेलफेयर एसोसिएशन के प्रेसिडेंट हरजिंदर सिंह ने कहा कि इस संकट ने अभी तक बिजनेस पर बहुत बुरा असर नहीं डाला है, लेकिन जल्द ही दिक्कतें सामने आ सकती हैं।
कमर्शियल सप्लाई पर रोक
उन्होंने कहा, “कमर्शियल सप्लाई रोक दी गई है। सोमवार को खबर फैलने के बाद, कुछ लोगों ने 2,500- 2,600 में सिलेंडर बेचना शुरू कर दिया। कुछ बिजनेस ने स्टॉक कर लिया है, लेकिन यह सिर्फ दो या तीन दिन ही चलेगा।”
जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा ने कहा कि घरेलू गैस की पर्याप्त उपलब्धता है और कालाबाजारी रोकने के लिए तीन मॉनिटरिंग टीमें बनाई गई हैं। लोगों से कहा गया है कि केवल अधिकृत ऐप के माध्यम से ही सिलेंडर बुक करें और अनधिकृत विक्रेताओं से गैस न खरीदें। कानपुर में भी अफवाहों के कारण गैस एजेंसियों पर लंबी कतारें देखने को मिलीं।
आजीविका पर असर
प्रशासन के अनुसार जिले में 11.44 लाख से अधिक सक्रिय एलपीजी उपभोक्ता हैं और सिलेंडर की आपूर्ति नियमित रूप से हो रही है। जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि पेट्रोलियम कंपनियों ने भरोसा दिलाया है कि घरेलू गैस की आपूर्ति श्रृंखला पूरी तरह सामान्य है। बनारस में व्यावसायिक गैस की आपूर्ति बाधित होने से पैकेजिंग उद्योग प्रभावित हुआ है। यूपी कॉरुगेटेड बॉक्स मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन के अनुसार करीब 50 पैकेजिंग इकाइयों में उत्पादन प्रभावित हुआ है, जिससे सैकड़ों मजदूरों की आजीविका पर असर पड़ सकता है।
अफ़वाह उड़ाने वालों पर कड़ी नज़र
गाजीपुर जिले में भी प्रशासन की ओर से गैस एजेंसी संचालकों और अफ़वाह उड़ाने वालों पर कड़ी नज़र रखी जा रही है। जिला आपूर्ति अधिकारी (DSO) अनंत प्रताप सिंह ने बताया कि जिले में गैस की कोई समस्या नहीं है। उन्होंने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है। श्री अनंत सिंह ने बताया कि, ” जिले में गैस की कोई समस्या नहीं है। पिछले साल मार्च महीने में पूरे जिले में गैस की डिमांड 12 हज़ार थी वही इस वर्ष मार्च में 12500 के आसपास गैस की आपूर्ति हो रही है। कहने का मतलब है की लोगों को पैनिक नहीं होना चाहिए और अफवाहों से बचना चाहिए।”
ऑनलाइन बुकिंग व होम डिलीवरी की सुविधा जारी
हालांकि जिला प्रशासन ने कहा है कि घरेलू गैस की कोई कमी नहीं है और ऑनलाइन बुकिंग व होम डिलीवरी की सुविधा जारी है। प्रशासन ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और अनावश्यक जमाखोरी से बचने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि घरेलू एलपीजी की आपूर्ति सामान्य है और कालाबाजारी या जमाखोरी करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इस बीच, उत्तर प्रदेश सरकार ने स्पष्ट किया है कि प्रदेश में पेट्रोल-डीजल और घरेलू गैस सिलेंडर का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और किसी भी प्रकार की कमी नहीं है।
मुख्यमंत्री योगी के अधिकारियों को निर्देश
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि इन उत्पादों की कथित किल्लत की अफवाहें फैलाकर जमाखोरी और कालाबाजारी करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए। सरकार के अनुसार राज्य के सभी जिलों में पेट्रोल-डीजल की आपूर्ति सामान्य है और घरेलू गैस सिलेंडरों की भी पर्याप्त उपलब्धता बनी हुई है। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को आपूर्ति श्रृंखला पर लगातार नजर रखने और किसी भी प्रकार की अनियमितता सामने आने पर तुरंत कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।
