रानी लक्ष्मीबाई के बलिदान दिवस को राष्ट्रीय संयुक्त अधिवक्ता मंच ने किया याद

Lucknow

अशोक कुमार

हरदोई: आज 18 जून 2020 राष्ट्रीय संयुक्त अधिवक्ता मंच भारत के कार्यकर्ता एवं पदाधिकारियों में अधिवक्ता मंच के राष्ट्रीय अध्यक्ष शिव सेवक गुप्त” जय शिव” के नेतृत्व में कलेक्ट्रेट परिसर में एकत्रित होकर भारत रानी लक्ष्मीबाई के पावन बलिदान दिवस के अवसर पर उनके चित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्प अर्पित कर बलिदान दिवस को क्रांति दिवस के रूप में श्रद्धा पूर्वक मनाया गया।

तथा देश भक्ति को उत्प्रेरित कर राष्ट्र की रक्षा के संकल्प के साथ चीन व भारत विवाद में शहीद हुए भारतीय जवानों के प्रति श्रद्धांजलि अर्पित की गई तथा केंद्र सरकार से पुरजोर मांग की गई कि नेपाल ,चीन ,बांग्लादेश, पाकिस्तान की सीमाओं पर सेना की बढ़ोतरी की जाए और दुश्मनों को मुंहतोड़ जवाब देने के लिए सेना को खुली छूट दी जाए एवं समग्र समाज से अपील की गई कि चीनी सामान का बहिष्कार करें ।

इस अवसर पर अधिवक्ता मंच के राष्ट्रीय अध्यक्ष शिव सेवक गुप्त ने कहा कि रानी लक्ष्मीबाई के त्याग बलिदान को कभी राष्ट्र भूल नहीं सकता रानी के अदम्य मर्दानगी पूर्ण कार्य शैली से प्रेरणा लेते हुए राष्ट्र की रक्षा का संकल्प लेते हुए श्री गुप्त ने कहा कि केंद्र सरकार से पुरजोर मांग की गई कि नेपाल ,चीन, बांग्लादेश ,पाकिस्तान की सीमाओं पर सेना की बढ़ोतरी की जाए ।

अधिवक्ता मंच के प्रदेश संरक्षक एवं अधिवक्ता संघ के पूर्व महामंत्री श्री जे पी त्रिवेदी ने कहा लक्ष्मीबाई के मरते दम तक पराधीनता को स्वीकार नहीं किया वास्तव में उनके विचार आज भी विश्व के लिए प्रेरणादायक एवं प्रसांगिक है

अधिवक्ता मंच युवा प्रकोष्ठ के प्रदेश महामंत्री दीपक सिंह गौर ने कहा रानी लक्ष्मीबाई वास्तव में महारानी थी उनके अदम्य साहस के आगे दुश्मनों ने घुटने टेक दिए तभी तो उन्हें खूब लड़ी मर्दानी कहा जाता है इस अवसर पर वरिष्ठ महामंत्री अरविंद कुमार त्रिपाठी जिला उपाध्यक्ष दिनेश चंद्र त्यागी आशीष कुमार मिश्रा बृजेश किशोर जावेद सिंह कुशवाहा एकांकी त्रिपाठी कुसुमलता राजपाल शैलेश वर्मा राकेश बाबू जयप्रकाश त्रिपाठी सहित दर्जनों पदाधिकारी ने बलिदान